HPSEBL में 2000 टीमेट और लाइनमैन की भर्ती, बिजली चोरी रोकने के लिए सख्त कदम
HPSEBL में 2000 टीमेट और लाइनमैन की भर्ती, बिजली चोरी रोकने के लिए सख्त कदम
शिमला। हिमाचल प्रदेश में बिजली तंत्र को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने के लिए राज्य सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने मंगलवार को HPSEBL (हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटेड) और ऊर्जा विभाग के अधिकारियों के साथ हुई बैठक में बिजली क्षति और चोरी को रोकने के लिए कड़े निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में फीडर मीट्रिंग जैसे उपायों को सख्ती से लागू किया जाएगा ताकि बिजली की हानि को सही ढंग से आंका जा सके और चोरी पर रोक लगाई जा सके। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि वाणिज्यिक, औद्योगिक और घरेलू उपभोक्ताओं की फीडर मैपिंग की जाए ताकि सभी आवश्यक जानकारी डिजिटल रूप में एक क्लिक पर उपलब्ध हो।
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📌 बड़ी भर्ती की घोषणा
मुख्यमंत्री सुक्खू ने बैठक में यह भी घोषणा की कि HPSEBL में टीमेट्स और लाइनमैन के 2000 पदों को भरा जाएगा। इस भर्ती प्रक्रिया को आगामी महीनों में शुरू किया जाएगा, जिससे न केवल रोजगार के अवसर बढ़ेंगे बल्कि विद्युत सेवा भी मजबूत होगी।
🔄 प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत कर्मचारियों के लिए विकल्प
मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिए कि HPSEBL के जो अधिकारी व कर्मचारी वर्तमान में ऊर्जा निदेशालय, हिमाचल प्रदेश पॉवर ट्रांसमिशन कॉरपोरेशन और पॉवर कॉरपोरेशन में प्रतिनियुक्ति पर हैं, उन्हें 30 अप्रैल तक विभाग चुनने का विकल्प दिया जाए। सिविल विंग के कर्मचारियों को भी लोक निर्माण विभाग (PWD) या अन्य विभागों में जाने का विकल्प दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि इससे कर्मचारियों की पदोन्नति और सेवा शर्तों पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ेगा और सरकार सभी लाभों की सुरक्षा सुनिश्चित करेगी।
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